उज्जैनः संभागायुक्त और कलेक्टर ने किया सिंहस्थ 2028 के निर्माण कार्यों का निरीक्षण
उज्जैन, 23 मई । मध्य प्रदेश के उज्जैन में सिंहस्थ महापर्व 2028 के तहत अधोसंरचना के विकास कार्यों का निर्माण किया जा रहा है। निर्माणाधीन कार्यों की प्रगति की जानकारी लेने के साथ ही अधिकारियों द्वारा सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। शनिवार को संभागायुक्त सह सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह, कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने सड़क निर्माण कार्य, भीड़ प्रबंधन के लिए निर्माणाधीन अंडरपास निर्माण कार्य का निरीक्षण किया।
संभागायुक्त सिंह ने निर्देश दिए कि सिंहस्थ महापर्व के दौरान आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के सुविधापूर्वक आवागमन और यातायात प्रबंधन पर फोकस करते हुए मार्गों को जोड़ने के लिए निर्माणाधीन अंडरपास और कनेक्टिंग मार्ग की भी व्यवस्थित प्लानिंग कर लें। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य कराने वाले सभी विभाग आपसी समन्वय कर प्लानिंग करें।
शनिवार को संभागायुक्त आशीष सिंह, कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने सिंहस्थ 2028 के तहत लोक निर्माण विभाग (सिंहस्थ संभाग) द्वारा यातायात दवाब एवं श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए किए जा रहे विभिन्न मार्गों के निर्माण कार्य का निरीक्षण किया। उन्हों तपोभूमि से हामूखेड़ी तक 4.5 किलोमीटर तक निर्माणाधीन मार्ग निर्माण का निरीक्षण किया गया। मार्ग निर्माण की जानकारी लेने के साथ ही साइट पर निर्माण कार्य की गुणवत्ता भी देखी। संभागायुक्त ने निर्देश दिए कि सड़क निर्माण कार्य के दौरान साइट पर इंजीनियर मौजूद रहे। निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग कर कार्य प्रगति की जानकारी वाट्सअप ग्रुप पर अपलोड करें। इसके बाद संभागायुक्त और कलेक्टर ने इंदौर रोड़ यूनिटी मॉल के समीप से निर्माणाधीन एमआर-24 सड़क निर्माण कार्य की जानकारी मौके पर पहुंच कर ली।
सिंहस्थ के तहत हरीफाटक ओवर ब्रिज के समीप निर्माणाधीन अंडरपास निर्माण कार्य के निरीक्षण के दौरान संभागायुक्त सिंह ने अंडरपास के माध्यम से मिलने वाले मार्ग की जानकारी ली। यहां पर अंडरपास के निर्माण से वाकणकर ब्रिज, इंदौर रोड़, यंत्रमहल मार्ग की ओर से आने वालों के लिए यातायात की सुगमता रहेगी। मौके पर संभागायुक्त ने निर्देश दिए कि अंडरपास के माध्यम से यातायात व्यवस्थित रहे और लोगों को सुविधा रहे इसके लिए निर्माण कार्य कराने वाले विभाग अन्य विभागों के साथ चर्चा कर पूरी प्लानिंग बना लें। संभागायुक्त ने हरीफाटक पार्किंग में जगह उपलब्ध होने पर मैकेनिकल पार्किंग के लिए भी प्लान तैयार करने के निर्देश दिए।