News Chetna

सच की ताजगी, आपकी अपेक्षा

Chhattisgarh

नक्सलियों के गढ़ रहे ग्राम मुलेर पहुंचकर मुख्यमंत्री ने इमली पेड़ के नीचे लगाई चौपाल

नक्सलियों के गढ़ रहे ग्राम मुलेर पहुंचकर मुख्यमंत्री ने इमली पेड़ के नीचे लगाई चौपाल

दंतेवाड़ा, 15 मई (हि.स.)। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सुशासन तिहार 2025 के तहत आज गुरुवार को अचानक दंतेवाड़ा जिले ग्राम मूलेर पहुंचे। मुख्यमंत्री साय ने इमली पेड़ के नीचे चौपाल लगाकर खाट में बैठकर ग्रामीणों से संवाद किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि, मैं भी प्रदेश के आदिवासी क्षेत्र जशपुर का आदिवासी हूं, “अपनों के बीच पहुंचकर अच्छा लग रहा है । सरकार के जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ आप लोगों तक पहुंच रही की नहीं ये आप लोगों से चर्चा करने हम पहुंचा हूं, मेरे साथ प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद है ।”

इस दाैरान इमली पेड़ के नीचे आयोजित कार्यक्रम में ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री का गौर मुकुट पहनाकर, स्थानीय प्राकृतिक संसाधन महुआ-आमपत्ती का हार और छिंद के पत्ती से बने गुलदस्ता से स्वागत किए ।

ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री के साथ फोटो भी खिंचवाई । चौपाल में ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से अपनी मांगों के संबंध में चर्चा किए कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री ने पटेलपारा में फ्रीबेरीकेटेड आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया । आंगनबाड़ी केंद्र में 17 दर्ज संख्या वाले आंगनबाड़ी केंद्र में मुख्यमंत्री ने बच्चों से ईसीसी गतिविधि का संज्ञान लेकर बच्चों से अक्षर ज्ञान की जानकारी ली और बच्चों को चाकलेट भी वितरित की । इसके बाद उचित मूल्य की दुकान का निरीक्षण कर अपने समक्ष में राशन सामग्री का वजन नाप करवाया और तीन हितग्राहियों को राशन सामग्री वितरण किए । मुख्यमंत्री ने हितग्राहियों को मिल रहे राशन की जानकारी ली, उन्होंने ग्रामीणों से पूछा प्रत्येक माह राशन मिलता है । चना मिलता है चना का क्या उपयोग करते है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा अब मुलेर में में विकास पहुंच रहा है। उन्हाेने कहा कि नक्सलियों का अब अंतिम गिनती शुरू हो गई है, बस्तर में शांति आयेगी। उन्हाेने ग्राम पंचायत मूलेर में माता मंदिर अंदल कोसम को बनाने के लिए चारा लाख की राशि स्वीकृत की मूलेर में उप स्वास्थ्य केन्द्र बनाने, मूलेर से नाहाडी तक जाने के लिए सड़क निर्माण की स्वीकृति मूलेर के सभी पारा से संपर्क के लिए पुलिया निर्माण और सीसी सड़क के लिए 5-5 लाख की स्वीकृति दी। उन्हाेने कहा कि मूलेर को सुकमा जिले में शामिल करने की प्रयास किया जाएगा । शिविर लगाकर वनाधिकार मान्यता पत्र, आधार कार्ड और आयुष्मान कार्ड बनाने की कार्यवाही की जाएगी।

—————

Leave a Reply