जींद : अधिवक्ता की मौत के छह माह बाद अस्पताल संचालक व दो चिकित्सकों पर मामला दर्ज
जींद, 27 अगस्त । निजी अस्पताल में लगभग छह माह पहले उपचार के दौरान अधिवक्ता की मौत के मामले में गुरुवार काे सिविल लाइन थाना पुलिस ने अदालत के आदेश पर मामला दर्ज किया। पुलिस ने अस्पताल संचालक तथा दो चिकित्सकों के खिलाफ लापरवाही से मौत होने के मामले में केस दर्ज किया है।
गांव अनूपगढ़ निवासी देवेंद्र ने अदालत में याचिका दायर कर कहा था कि उसका भाई अधिवक्ता पुष्पेंद्र की गत 17 फरवरी को बीपी हाई होने के चलते तबीयत खराब हो गई थी। जिसे नागरिक अस्पताल लाया गया। जहां से उसे चिकित्सा देकर रोहतक रेफर कर दिया गया। जब वे एंबुलेंस में पुष्पेंद्र को लेकर जा रहे थे तो चालक ने कहा कि मरीज की तबीयत ज्यादा खराब है। कुछ ही समय बचा है। जिस पर पुष्पेंद्र के परिजन डर गए और सुझाव मांगा। जिस पर चालक के कहने पर रोहतक रोड बाईपास पर निजी अस्पताल ले गए। जब वे अस्पताल पहुंचे तो चिकित्सक नमन ने उन्हें और डरा दिया और अढाई लाख रुपये जमा करवाने को कहा। जब उन्होंने इतने रुपये न होने की बात कही तो महिला चिकित्सक कनिका ने दो लाख दस हजार रुपये जमा करवाने को कहा। उन्होंने दो लाख जमा करवा दिया। आनन-फानन में उनके हस्ताक्षर करवाए गए। उसी दौरान पुष्पेंद्र को लिफ्ट से ऊपर ले गए।
बाद में उन्हें पता चला की पुष्पेंद्र का आपरेशन किया गया है। जबकि न तो पुष्पेंद्र के सेंपल लिए गए और न ही सीटी स्कैन तथा एमआरआई करवाई गई। एनेथिसिया तथा अन्य विशेषज्ञों को भी नही बुलाया गया। फिर भी पुष्पेंद्र की सर्जरी कर दी गई। स्टाफ भी ट्रेंड नही था। सर्जरी के बाद भी पुष्पेंद्र की हालात में कोई सुधार नही हुआ। जब उन्होंने अस्पताल संचालक दीपाशंकर, सर्जन नमन तथा कनिका से पुष्पेंद्र को और अच्छे अस्पताल रेफर करने को कहा तो आरोपितों ने उन्हें मना कर दिया। बेहतर चिकित्सा सुविधा के अभाव में पुष्पेंद्र ने 22 फरवरी का दम तोड़ दिया। जिसकी शिकायत पुलिस से की गई लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नही की। याचिका के आधार पर अदालत ने अस्पताल संचालक तथा चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए। गुरूवार को जानकारी देते हुए सिविल लाइन थाना के जांच अधिकारी टिंकू ने बताया कि पुलिस ने अदालत के आदेश पर अस्पताल संचालक दीपा शंकर, सर्जन नमन तथ कनिका के खिलाफ इलाज में लापरवाही बरतने के मरीज की मौत समेत विभिन्न भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला दर्ज किया है।