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हाई कोर्ट ने विनेश फोगाट को एशियाई खेलों के ट्रायल्स में भाग लेने की दी अनुमति

नई दिल्ली, 23 मई । दिल्ली उच्च न्यायालय ने महिला कुश्ती पहलवान विनेश फोगाट को एशियन गेम्स के लिए होने वाले ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दे दी है। मुख्य न्यायाधीश डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि भारतीय कुश्ती संघ का फैसला प्रतिशोधी था।

कोर्ट ने कहा कि विनेश फोगाट मातृत्व अवकाश की वजह से भारतीय कुश्ती संघ के चयन नीति का मानदंड पूरा नहीं कर सकी। कोर्ट ने कहा कि मातृत्व फोगाट जैसी किसी महिला को बाहर करने की वजह नहीं हो सकती है। उच्च न्यायालय ने विनेश फोगाट को कारण बताओ नोटिस जारी करने के लिए भारतीय कुश्ती संघ की आलोचना की। कोर्ट ने कहा कि ये नोटिस प्रतिशोध की भावना से प्रेरित था। कोर्ट ने कहा कि कारण बताओ नोटिस में भारतीय कुश्ती संघ की भाषा ठीक नहीं थी और इससे बचा जा सकता था।

22 मई को कोर्ट ने राष्ट्रीय स्पर्धाओं में शामिल होने के लिए महिला कुश्ती पहलवान विनेश फोगाट को अयोग्य करार देने पर भारतीय कुश्ती संघ को कड़ी फटकार लगाई थी। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने भारतीय कुश्ती संघ के फैसले पर सवाल उठाते हुए कहा था कि क्या खेलों में मां बनना किसी के लिए नुकसानदायक हो सकता है। कोर्ट ने कहा था कि देश में मां बनने पर तो जश्न मनाया जाता है। कोर्ट ने भारतीय कुश्ती संघ के पहले के चल रही उस परंपरा में बदलाव पर भी एतराज जताया था जिसमें किसी मशहूर एथलीट को उसे योग्यता की चिंताओं को दरकिनार कर खेलने की अनुमति दी जाती थी। कोर्ट ने कहा था कि पहले के सर्कुलर में बदलाव काफी कुछ कहता है। आप इस तरह भारतीय कुश्ती संघ को मत चलाइए। ये खेल के हित में नहीं है।

विनेश फोगाट ने उच्च न्यायालय की सिंगल बेंच के फैसले को डिवीजन बेंच में चुनौती दी थी। सिंगल बेंच ने 18 मई को फोगाट को कोई भी राहत देने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने विनेश फोगाट को निर्देश दिया था कि वो भारतीय कुश्ती संघ के कारण बताओ नोटिस का विस्तृत जवाब दे। जस्टिस पुरुषेंद्र कुमार कौरव की बेंच ने भारतीय कुश्ती संघ को निर्देश दिया कि वो 6 जुलाई तक अपने नोटिस पर अंतिम फैसला कर ले।

विनेश फोगाट ने याचिका दायर कर भारतीय कुश्ती संघ की ओर से एशियन गेम्स सेलेक्शन ट्रायल से बाहर करने के फैसले को चुनौती दी थी। विनेश फोगाट की ओर से पेश वरिष्ठ वकील राजशेखर राव ने कहा था कि इस मामले में जितना दिख रहा है उतना ही सब कुछ नहीं है। राव ने कोर्ट से विनेश फोगाट को सेलेक्शन ट्रायल में भाग लेने की अनुमति देने की मांग की थी। ट्रायल 30 मई से शुरु होने वाला है। सिंगल बेंच ने इस मांग को नामंजूर करते हुए कहा था कि आप भारतीय कुश्ती संघ के नोटिस का जवाब दें। इस बीच भारतीय कुश्ती संघ 6 जुलाई तक इस मामले पर अंतिम फैसला करे।

भारतीय कुश्ती संघ ने विनेश फोगाट को सेलेक्शन ट्रायल में हिस्सा लेने से मना कर दिया था। भारतीय कुश्ती संघ का कहना था कि ये सेलेक्शन ट्रायल केवल 2025 के सीनियर नेशनल चैंपियनशिप, 2026 के फेडरेशन कप और अंडर-20 नेशनल चैंपियनशिप के विजेताओं के लिए है। फोगाट ने इन तीनों की स्पर्धाओं में जीत हासिल नहीं की थी। फोगाट ने 2024 के ओलंपिक के बाद अपने रिटायरमेंट की घोषणा कर दी थी। बाद में वो दिसंबर 2025 में कुश्ती खेलने के लिए वापस आ गयी।

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