अनूपपुर: ग्रीष्मकालीन कार्ययोजना बनाकर जिले के सभी पंचायतों एवं बसाहटों में मुहैया कराएं जल-कलेक्टर
अनूपपुर, 12 मार्च । मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में ग्रीष्म ऋतु को दृष्टिगत रखते हुए जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित सभी योजनाओं का क्रियान्वयन धरातल स्तर पर प्रभावी ढंग से सुनिश्चित किया जाए। ग्रीष्म ऋतु में प्रत्येक ग्राम पंचायत एवं बसाहटों में जहां पेयजल की समस्या है, उनकी सूची तैयार की जाए तथा प्राथमिकता के आधार पर वहां पेयजल उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाए।
यह निर्देश गुरूवार को कलेक्टर हर्षल पंचोली ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का भ्रमण कर उन स्थानों की पहचान करें जहां जल संकट की स्थिति है। ऐसे सभी स्थानों की सूची तैयार कर तीन दिवस के भीतर कलेक्टर कार्यालय में प्रेषित की जाए, ताकि आवश्यक कार्यवाही कर समय रहते समस्या का समाधान किया जा सके।
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जिन ग्राम पंचायतों एवं बसाहटों में पेयजल की समस्या है, वहां पानी की टंकी एवं सिंटेक्स की व्यवस्था की जाए, ताकि लोगों को पर्याप्त मात्रा में पेयजल उपलब्ध हो सके। ग्रीष्म ऋतु के दौरान विशेषकर अप्रैल एवं मई माह में पेयजल व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। साथ ही उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जिले में संचालित नल-जल योजनाओं का संचालन व्यवस्थित रूप से किया जाए तथा पानी की आपूर्ति नियमित रूप से हो, इसका अधिकारी विशेष ध्यान रखें।
कलेक्टर ने ग्रीष्मकालीन कार्य योजना के संबंध में अधिकारियों से विस्तारपूर्वक चर्चा की। इस दौरान उन्होंने सिंटेक्स एवं टैंकों की उपलब्धता, उनके परिवहन की व्यवस्था, ट्यूबवेल खनन, खराब पड़े ट्यूबवेलों की मरम्मत सहित अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं की समीक्षा की तथा जल की उपलब्धता और उसके समुचित वितरण के संबंध में आवश्यक निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा नगरीय निकायों में भी मुख्य नगरपालिका अधिकारी से चर्चा कर वहां भी पेयजल व्यवस्था का क्रियान्वयन किया जाए, जिससे नगरीय निकायों में भी जल की पर्याप्त उपलब्धता हो सके। अधिकारियों को निर्देशित किया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित सभी योजनाओं का हैंडओवर समारोहपूर्वक किया जाए। हैंडओवर कार्यक्रम के दौरान संबंधित क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाए तथा जिले के प्रत्येक ब्लॉक में एक-एक कार्यक्रम आयोजित किया जाए।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में ग्राम पंचायत का स्टाफ, पंप ऑपरेटर सहित अन्य संबंधित कर्मचारियों को भी आमंत्रित किया जाए। साथ ही योजना का विधिवत हैंडओवर कर उसके प्रभावी एवं बेहतर क्रियान्वयन को किया जाए। इस दौरान उन्होने अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं पर भी चर्चा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अर्चना कुमारी, कार्यपालन यंत्री लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग अमित साह सहित लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सभी अनुविभागीय अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।