महाशिवरात्रि के पर्व पर शिवालय का श्रृंगार, लाइटों और फूलों से सजा है मंदिर
उत्तरकाशी, 14 फ़रवरी । जिले में रविवार को महाशिवरात्रि का पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा। बाबा विश्वनाथ की नगरी के शिव मंदिरों में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। शिवालयों में साफ-सफाई, रंग-रोगन और सजावट तेजी से चल रही है।
शिवभक्त शिवालयों में सुबह से ही मंदिर पहुंच जाते हैं। शिवलिंग पर जल चढ़ाने के लिए लाइनों में खड़े होते हैं। कल की महाशिवरात्रि के लिए उत्तरकाशी का विश्वनाथ मंदिर, गोपेश्वर मंदिर को श्रद्धालुओं के लिए सजाया गया है। लाइटों और फूलों से शिवालय का श्रृंगार किया गया है। किसी भी श्रद्धालु को परेशानी न हो, इसके लिए सारी व्यवस्था की गई है। श्रद्धालुओं का कहना है कि “वे इस मंदिर में कई सालों से मंदिर में आ रहे हैं। यहां पर हर मनोकामना पूरी होती है”।
शिवरात्रि के पावन पर्व पर उत्तरकाशी में निसंतान दंपत्ति रात भर हाथ पर खड़ा दीपक लेकर काशी विश्वनाथ मंदिर में जागरण करती है उनकी मनोकामनाएं पूर्ण होती है ऐसा विश्वास है ।
वहीं काशी विश्वनाथ के महंत जयेंद्र पुरी ने बताया कि भगवान काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में
शनिवार को छोटे बच्चों के मध्य शंख ध्वनि प्रतियोगिता शिव तांडव प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। उन्होंने बताया कि
रविवार को रामलीला मैदान से विशाल शोभा यात्रा निकाली जा रही, जिसमें इस साल उत्तरकाशी से बाहर से भी काफी लोग आ रहे हैं। मंदिर में अखंड जागरण भजन कीर्तन का आयोजन किया जा रहा है मंदिर समिति के द्वारा समय-समय पर विशेष बैठक करके इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी भक्तों को कार्य वितरण किया गया है।
वहीं उत्तरकाशी मन्दिर जीणोद्धार समिति के अध्यक्ष अजय प्रकाश बडोला ने बताया की शिव नगरी में प्रसिद्ध गोपेश्वर महादेव मंदिर रुद्रेश्वर, मंदिर
सिद्ध पीठ कालेश्वर मंदिर, पूर्ण कालेश्वर मंदिर कैलाश महादेव, केदार मंदिर सूर्य देव, नर्वदेश्वर महादेव मंदिर आदि में तैयारियां चल रही हैं।
महाशिवरात्रि के पूर्व दिवस पर आयोजित शंखनाद, श्लोक, शिव चित्रण, तथा शिव तांडव प्रतियोगितायें श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में आयोजित की गयी।
इस अवसर पर जिला जज गुरु वख्श सिंह, मुख्य विकास अधिकारी जय भारत, काशी मंदिर के महन्त जयेन्द्र पुरी , विभिन्न प्रतियोगिताओं के निर्णायक के रुप में प्रताप सिंह विष्ट संघर्ष, डा राजेश जोशी, राघवेन्द्र उनियाल, नरेश भट्ट, कपिल नौटियाल, रवीन्द्र नौटियाल, संजय शाह, श्रीमती नीलम राणा तथा कार्यक्रम संयोजक एवं उदघोषक शैलेन्द्र नौटियाल, पारस कोटनाला, हिमांशु पोखरियाल संयम बिष्ट आदि उपस्थित रहे।