स्व. ओंकार प्रसाद दुबे वांग्मय रत्न सम्मान-2025 से सम्मानित डा. महेश ‘दिवाकर’
डा. महेश ‘दिवाकर’ ने हिंदी की विविध विधाओं में 90 मौलिक कृतियां और 95 समादित कृतियाँ दी हैं। इनके निर्देशन में 55 छात्र-छात्राओं ने पीएचडी की उपाधि प्राप्त की है। हिंदी के उन्नयन एवं संवर्धन हेतु 30 देशों में हिंदी कार्यक्रमों का आयोजन किया है तथा महानगर मुरादाबाद के मिलन विहार में एक 11 कक्षीय हिंदी भवन का निर्माण किया है जिसमें देश-विदेश से आकर साहित्यकार नि:शुल्क ठहरते हैं।