खादी केवल वस्त्र नहीं राष्ट्रीय गौरव, आत्म निर्भरता और सतत प्रगति का प्रतीक : राज्य मंत्री जायसवाल
भोपाल, 12 अप्रैल । मध्य प्रदेश के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्य मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में “नए भारत” के निर्माण के आहवान के साथ, खादी केवल वस्त्र न रहकर राष्ट्रीय गौरव, आत्मनिर्भरता और सतत प्रगति का प्रतीक बन गई है। प्रधानमंत्री ने पूज्य बापू की विरासत खादी को “नए भारत की नई खादी” के रूप में परिभाषित किया है, जिससे “खादी पुनर्जागरण” का सूत्रपात हुआ और पूरे देश में खादी–ग्रामोद्योग को एक नए जागरण की दिशा मिली।
राज्य मंत्री जायसवाल ने रविवार को अपने संदेश में कहा कि प्रधानमंत्री की “आत्मनिर्भर भारत, मेक इन इंडिया, वोकल फॉर लोकल, स्टार्ट-अप इंडिया” जैसी पहल तथा उनका मंत्र “सबका साथ, सबका विकास” ने खादी एवं ग्रामोद्योग को नई वैश्विक पहचान दिलाई है। उनका दृष्टिकोण “लोकल से ग्लोबल” कारीगरों और ग्रामीण उद्यमियों को मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से जोड़ रहा है, जिससे उनकी रचनात्मकता और कारीगरी को उचित सम्मान और बाज़ार उपलब्ध हो रहा है।
राज्य मंत्री जायसवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का दृष्टिकोण भी अत्यंत प्रेरणादायक है। उन्होंने आत्म निर्भर मध्यप्रदेश, युवाओं का सशक्तिकरण, ग्रामीण विकास और सांस्कृतिक गौरव को शासन की प्राथमिकताओं में रखा है। उनके गतिशील नेतृत्व में खादी और ग्रामोद्योग राज्य की प्रगति का सशक्त स्तंभ बन रहे हैं, जो रोजगार सृजन और परंपरागत कारीगरी को आधुनिक नवाचार के साथ पुनर्जीवित कर रहे हैं। मानव जीवन में सबसे बड़ा सुख अपने मनपसंद क्षेत्र में कार्य करने का अवसर प्राप्त होना है। खादी एवं ग्रामोद्योग भारतीय स्वदेशी नैतिकता और स्वदेशी चिंतन से जुड़े हुए हैं।
राज्य मंत्री जायसवाल ने कहा कि कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग आत्म निर्भरता और ग्रामीण सशक्तिकरण के सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। आज के समय में सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म विचारों के आदान-प्रदान और संवाद के सबसे सशक्त साधन बन चुके हैं। मध्यप्रदेश खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड, जिसकी स्थापना 1960 में हुई थी, पूज्य बापू के “ग्राम स्वराज” के स्वप्न को साकार करने के लिए निरंतर कार्यरत है। हमारे प्रयासों से असंख्य युवाओं, कारीगरों और उद्यमियों को “अपना हाथ –अपना साथ” के मार्गदर्शन में सशक्त बनाया जा रहा है। कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग का पोर्टल बोर्ड की विभिन्न योजनाओं, गतिविधियों एवं अवसरों की जानकारी प्राप्त करने में उपयोगी सिद्ध हो रहा है और कारीगरों, उद्यमियों एवं समाज के बीच मजबूत सेतु का कार्य कर रहा है।