उपायुक्त ने खराब पड़े चापाकलों की मरम्मत कराने का दिया निर्देश
पूर्वी सिंहभूम, 19 मार्च । जिले की जेलों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से समाहरणालय सभागार में गुरुवार को उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक की गई।
बैठक में केंद्रीय कारा घाघीडीह, मंडल कारा साकची और उपकारा घाटशिला की सुरक्षा, आधारभूत सुविधाओं और संचालन से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करते हुए ठोस रणनीति तैयार की गई।
बैठक में निर्देश दिया गया कि जेल परिसरों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। इसके तहत वॉच टावरों से निगरानी व्यवस्था को प्रभावी बनाने, नियमित पेट्रोलिंग करने और औचक निरीक्षण बढ़ाने की रणनीति बनाई गई। साथ ही सुरक्षा को और सुदृढ़ करने के लिए वॉच टावरों में जैप बल की तैनाती सुनिश्चित करने के लिए पुलिस अधीक्षक को जैप मुख्यालय से समन्वय कर बल उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
पेयजल संकट को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त ने तत्काल खराब पड़े चापाकलों की मरम्मत कराने का आदेश दिया। साथ ही दीर्घकालिक समाधान के रूप में रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली लागू करने के लिए विस्तृत प्राक्कलन तैयार करने की रणनीति तय की गई, ताकि भविष्य में जल संकट की स्थिति उत्पन्न न हो।
जेलों की आधारभूत संरचना को मजबूत करने के लिए केंद्रीय कारा घाघीडीह में बंदी कक्षों, कारा अस्पताल और अन्य भवनों की मरम्मत के लिए शीघ्र प्राक्कलन तैयार कर तकनीकी स्वीकृति लेने और स्वीकृति के बाद तेजी से कार्य प्रारंभ करने का निर्देश दिया गया। साथ ही जर्जर कैदी वार्डों के जीर्णोद्धार पर भी विशेष जोर दिया गया।
एमजीएम अस्पताल डिमना में निर्माणाधीन कैदी वार्ड की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया गया कि निर्माण कार्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप हो। इसके लिए बिल्डिंग कॉर्पोरेशन के साथ समन्वय स्थापित कर समयबद्ध तरीके से कार्य पूरा करने की रणनीति बनाई गई।
उपायुक्त ने कहा कि जेल सुरक्षा अत्यंत संवेदनशील विषय है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। प्रशासन की प्राथमिकता कैदियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ जेल परिसरों को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुदृढ़ बनाना है।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक पीयूष पाण्डेय, एसडीएम धालभूम अर्णव मिश्रा, डीटीओ धनंजय, एसडीओ घाटशिला सुनील चंद्र, एडीएम एसओआर राहुल आनंद सहित सभी संबंधित पदाधिकारी और जेल प्रशासन के अधिकारी उपस्थित थेे।