अशोकनगर में ट्रम्प के पोस्टर के साथ चूल्हे पर चाय और सिलेंडर की अर्थी
अशोकनगर, 14 मार्च । मध्य प्रदेश के अशोकनगर में रसोई गैस की भारी किल्लत अब एक बड़ा जन-आंदोलन का रूप लेती जा रही है। शनिवार को शहर के गांधी पार्क में उस वक्त अफरा-तफरी और कौतूहल का माहौल बन गया, जब कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गैस सिलेंडर की अर्थी निकाली और बीच सडक़ पर चूल्हा फूंककर चाय बनाई।
ट्रम्प के पोस्टर्स और अर्थी का कनेक्शनइस प्रदर्शन में सबसे चौंकाने वाला तत्व डोनाल्ड ट्रम्प के पोस्टर रहे। युवा कार्यकर्ताओं ने ट्रम्प की तस्वीरें हाथों में थाम रखी थीं। दरअसल, कांग्रेस का आरोप है कि केंद्र सरकार की अंतरराष्ट्रीय व्यापार नीतियों और विदेशी दबाव के चलते देश में ऊर्जा संकट गहराया है। कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए कहा कि सरकार विदेशी हितों को साधने में व्यस्त है, जबकि स्थानीय जनता चूल्हे के धुएं में वापस लौटने को मजबूर है।
सडक़ पर रसोई:महिला कांग्रेस ने गांधी पार्क चौराहे पर ईंटों का अस्थाई चूल्हा बनाया और कार्यकर्ताओं को चाय पिलाई, जो गैस की अनुपलब्धता का प्रतीकात्मक विरोध था। वहीं जिलाध्यक्ष राजेंद्र कुशवाह पूरे समय गले में नारों की तख्ती लटकाए और सिर पर लोहे का चूल्हा रखे हुए नजर आए, जो शहर में चर्चा का विषय बना रहा। इस दौरान गैस सिलेंडर को फूलों से सजाकर उसकी अर्थी निकाली गई, जिसे स्टेशन रोड और तुलसी पार्क जैसे प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों से गुजारा गया।
विधायक हरीबाबू राय का कड़ा रुखसभा को संबोधित करते हुए विधायक हरीबाबू राय ने प्रशासन और सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने की माताएं-बहनें सुबह 4 बजे से गैस एजेंसियों के बाहर कतार में खड़ी हैं, लेकिन शाम को उन्हें खाली सिलेंडर लेकर ही लौटना पड़ता है। यह सरकार की नाकामी है कि डिजिटल इंडिया के दौर में हम वापस लकड़ी और कोयले के युग में पहुंच गए हैं। अगर सप्लाई चेन तुरंत बहाल नहीं हुई, तो यह आंदोलन उग्र रूप लेगा।
आम जनता का दर्दप्रदर्शन के दौरान गांधी पार्क पर मौजूद कुछ स्थानीय नागरिकों ने भी अपनी व्यथा सुनाई। लोगों का कहना है कि गैस की कालाबाजारी चरम पर है और एजेंसियां स्टॉक न होने का हवाला देकर पल्ला झाड़ रही हैं। होटल और ढाबा संचालकों के सामने भी रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।