पानीपत: ईडब्ल्यूएस फ्लैट में सुविधाएं नहीं देने पर अंसल समूह के खिलाफ मामला दर्ज
पानीपत, 30 जनवरी । पानीपत की अंसल सुशांत सिटी’ बनाए गए ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) और बीपीएल फ्लैट्स में मूलभूत सुविधाएं न देने पर अंसल प्रॉपर्टीज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। डीएसपी सतीश वत्स ने अपनी जांच रिपोर्ट में बिल्डर और मैनेजमेंट एजेंसी के खिलाफ धोखाधड़ी के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की आगामी कार्रवाई में जुट गई है।
रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन हाउसिंग बोर्ड के पदाधिकारी कंवल सिंह, पवन शर्मा और शाम सिंह ने मुख्यमंत्री व स्थानीय मंत्री और पुलिस प्रशासन को इस संबंध में शिकायत दी थी। उन्होंने आरोप लगाए थे कि कि अंसल ने टाउनशिप के अन्य क्षेत्र में तो शानदार सुविधाएं दीं, लेकिन गरीबों के फ्लैट्स वाले क्षेत्र में सड़क, स्ट्रीट लाइट और सीवर की हालत बदतर है। वहां के नागरिकों ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा कि जब वे सुविधाएं मांगते हैं, तो उनके साथ अछूतों’ जैसा व्यवहार किया जाता है।
हरियाणा सरकार की नीति के अनुसार, बिल्डर को गरीबों के लिए निश्चित अनुपात में पूरी सुविधाओं के साथ घर देना अनिवार्य है, लेकिन अंसल ने अपने निजी लाभ के लिए इन नियमों को ताक पर रख दिया। शिकायतकर्ताओं ने अपनी व्यथा कष्ट निवारण समिति के चेयरमैन कृष्ण कुमार बेदी के समक्ष भी रखी थी। पांच बैठकों के बाद यह निर्णय लिया गया कि अंसल प्रबंधन अपनी जिम्मेदारी निभाने में पूरी तरह विफल रहा है और जानबूझकर गरीब लोगों को सुविधाएं प्रदान नहीं की गईं।
डीएसपी सतीश वत्स ने 14 जनवरी को अपनी रिपोर्ट पेश की थी। जांच में पाया गया कि अंसल ने कॉलोनी विकसित करने का लाइसेंस लिया था। लाइसेंस की शर्तों के अनुसार सड़क निर्माण करके हाउसिंग बोर्ड को सौंपना था, लेकिन बार-बार नोटिस के बावजूद सड़कों की मरम्मत और निर्माण नहीं किया गया। अंसल ने रख-रखाव का काम ‘स्टार फैसिलिटीज मैनेजमेंट लिमिटेड’ को दिया है, जो निवासियों से पैसे तो वसूलती है लेकिन जहां ईडब्ल्यूएस फ्लैट्स बने है उस क्षेत्र की अनदेखी करती है। इस आधार पर शुक्रवार को असंल पर एफआईआर दर्ज की गई है।